![]()
Breaking News
📰 कलेक्टरेट सभागार में बृहस्पतिवार को जिला स्तरीय खाद्य सुरक्षा समिति की बैठक जिलाधिकारी मंगला…
📰 जनपद में बहुप्रतीक्षित जिला कारागार निर्माण के लिए शासन ने हरी झंडी दे दी…
📰 कलेक्टरेट सभागार में बुधवार को सहायक निर्वाचन रजिस्ट्रेशन अधिकारियों एवं निर्वाचन रजिस्ट्रेशन अधिकारियों का…
कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी मार्च के पहले हफ्ते में भारत आ सकते हैं। कनाडा…
चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने बीजिंग में इस्लामिक सहयोग संगठन के महासचिव हिसैन…
संयुक्त राज्य अमेरिका की ओर से भारत को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाओं में राष्ट्रपति डोनाल्ड…
स्विट्ज़रलैंड के एक प्रतिष्ठित सैन्य रणनीति थिंक टैंक की नई रिपोर्ट में बड़ा दावा किया…
अक्सर होता है कि बीपी सामान्य होता है लेकिन दिल की धड़कन यानी पल्स रेट…
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने भारत के 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति…
आज भारत 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। पूरी दुनिया आज कर्तव्य पथ पर भारत…
मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में खेले गए बॉक्सिंग डे टेस्ट का अंत जिस तरह महज दो दिन में हुआ, उसने खुद पिच क्यूरेटर मैट पेज को भी हैरानी में डाल दिया। ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच खेले गए इस बहुप्रतीक्षित एशेज मुकाबले में पहले ही दिन 20 विकेट गिर गए और कुल 142 ओवर में 36 विकेट निकल गए, जिससे मैच समय से काफी पहले समाप्त हो गया।
बता दें कि इस मैच में इंग्लैंड ने 2011 के बाद पहली बार ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट जीत दर्ज की। लेकिन इस जीत से ज्यादा चर्चा पिच को लेकर हुई, जिस पर दोनों टीमों के कप्तानों ने भी असंतोष जताया।
मैच के बाद एमसीजी के क्यूरेटर मैट पेज ने स्वीकार किया कि वह खुद इस नतीजे से चौंक गए थे। उन्होंने कहा कि उन्होंने इस बार पिच पर करीब 10 मिलीमीटर घास छोड़ी थी, जबकि पिछले साल भारत के खिलाफ खेले गए टेस्ट में यह करीब 7 मिलीमीटर थी। उनका मकसद गेंद और बल्ले के बीच संतुलन बनाना था, लेकिन नतीजा उम्मीद के उलट निकला।
गौरतलब है कि इस मैच के जल्दी खत्म होने से आयोजकों को आर्थिक नुकसान भी झेलना पड़ा, क्योंकि तीसरे दिन के सभी टिकट पहले ही बिक चुके थे। वहीं दोनों टीमों के कप्तानों ने भी माना कि पिच सीम गेंदबाजों के लिए जरूरत से ज्यादा मददगार रही।
मैट पेज ने कहा कि वह इस नतीजे की जिम्मेदारी लेते हैं और इससे सीख लेकर आगे बेहतर संतुलन बनाने की कोशिश करेंगे। उन्होंने कहा कि एमसीजी जैसी पिच पर अगर सीम मूवमेंट नहीं हो तो खेल बेहद सपाट हो जाता है, जैसा 2017 की एशेज में देखने को मिला था, जब अलिस्टेयर कुक ने दोहरा शतक जड़ा था और मुकाबला ड्रॉ रहा था।
मौजूद जानकारी के अनुसार, अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के मैच रेफरी की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है, जिसके बाद पिच को लेकर अंतिम राय बनेगी। फिलहाल क्यूरेटर ने भरोसा दिलाया है कि भविष्य में ऐसी स्थिति से बचने की पूरी कोशिश की जाएगी और टेस्ट क्रिकेट की गरिमा बनी रहेगी।
