Breaking News

BMC elections में मिटने वाली स्याही का उपयोग ‘वोट चोरी का एक और परेशान करने वाला अध्याय’ : Siddaramaiah

कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने शुक्रवार को मीडिया में आई उन खबरों पर चिंता जताई जिनमें दावा किया गया था कि बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी)चुनाव के दौरान मतदाताओं की उंगली पर मिटने वाली स्याही लगाई गई थी। उन्होंने इसे ‘‘वोट चोरी का एक और परेशान करने वाला अध्याय’ ’’ बताया।

सिद्धरमैया ने कहा कि लोकतंत्र तभी कायम रह सकता है जब हर वोट की शुचिता बनी रहे। उन्होंने कहा कि चुनावी सुरक्षा उपायों की विश्वसनीयता से समझौता नहीं किया जाना चाहिए।

बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के चुनाव नौ साल बाद बृहस्पतिवार को हुए और मतगणना शुक्रवार को की जा रही है। नतीजों और रुझानों में भाजपा-शिवसेना गठबंधन स्पष्ट बहुमत हासिल करती नजर आ रही है।

सिद्धरमैया ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘ आज, बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) चुनावों को लेकर मीडिया में आई खबरें और सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में दिखाया गया है कि तथाकथित अमिट स्याही को सैनिटाइजर, एसीटोन और अन्य पदार्थों से आसानी से मिटाया जा रहा है, जिससे चुनावी विश्वसनीयता के बारे में गंभीर चिंताएं पैदा हो रही हैं और ये चिंताएं महाराष्ट्र और उससे बाहर भी गूंज रही हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘यह कोई एकाकी गड़बड़ी नहीं है, बल्कि ‘वोट चोरी’ की व्यापक कहानी का एक और परेशान करने वाला अध्याय है, जहां वास्तविक सवालों का खंडन, टालमटोल या चुप्पी से जवाब दिया जाता है। लोकतांत्रिक संस्थानों में विश्वास कम होता जा रहा है।’’

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘बुनियादी सुरक्षा उपायों को कमजोर करना और नागरिकों की चिंताओं को नजरअंदाज करना लोकतंत्र की रक्षा नहीं करता, बल्कि उसे नुकसान पहुंचाता है। निर्वाचन आयोग को अब पारदर्शिता, जवाबदेही और सुधारात्मक उपायों के साथ कार्रवाई करनी चाहिए।’’

कांग्रेस अपने शीर्ष नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में कथित ‘वोट चोरी’ के खिलाफ देशव्यापी अभियान चला रही है। मुख्य विपक्षी पार्टी इस मुद्दे पर सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा)और निर्वाचन आयोग को निशाना बना रही है।

Loading

Back
Messenger