मिस्र ने फुटबॉल विश्व कप के इतिहास में अपना स्वर्णिम अध्याय लिख दिया है। अपने चौथे विश्व कप अभियान में उतरे मिस्र ने पहली बार नॉकआउट मुकाबला खेलते हुए ऑस्ट्रेलिया को पेनल्टी शूटआउट में 4-2 से हराकर अंतिम-16 में प्रवेश कर लिया। निर्धारित समय तक दोनों टीमें 1-1 की बराबरी पर थीं। अब मंगलवार को क्वार्टर फाइनल में जगह बनाने के लिए मिस्र का सामना गत चैंपियन अर्जेंटीना से होगा, जिसने केप वर्दे को मात दी है।
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शूटआउट का रोमांच: होसाम बने हीरो, सालाह ने चोट के बावजूद दिखाया जज्बा
पेनल्टी शूटआउट में मिस्र के खिलाड़ियों ने गजब का संयम दिखाया। लिवरपूल के पूर्व स्टार मोहम्मद सालाह ने मांसपेशी की चोट के बावजूद मैदान पर उतरकर टीम का हौसला बढ़ाया और शूटआउट में गोल दागा। सालाह के अलावा महमूद साबिर और रामी राबिया ने भी गेंद को नेट में डाला, जबकि होसाम अब्दुलमागुद ने निर्णायक गोल दागकर मिस्र को ऐतिहासिक जीत दिला दी।
दूसरी ओर, दबाव में ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी बिखर गए। ऑस्ट्रेलिया के हैरी साउटार का निशाना चूक गया, जबकि 18 वर्षीय युवा खिलाड़ी लुकास हेरिंगटन का शॉट क्रॉसबार से टकरा गया। ऑस्ट्रेलिया के लिए शूटआउट में केवल जैकसन इरविन और अवेर माबिल ही गोल कर सके।
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निर्धारित समय: इमाम अशूर का हेडर और मोहम्मद हानी का अनचाहा रिकॉर्ड
मैच की शुरुआत मिस्र के लिए धमाकेदार रही। 13वें मिनट में ही इमाम अशूर ने एक शानदार हेडर के जरिए गोल कर मिस्र को 1-0 की बढ़त दिला दी। लेकिन मैच के 55वें मिनट में ऑस्ट्रेलिया को मिस्र की गलती का फायदा मिला। मिस्र के डिफेंडर मोहम्मद हानी से एक आत्मघाती (Own Goal) गोल हो गया, जिससे स्कोर 1-1 से बराबर हो गया।
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मोहम्मद हानी का अनचाहा रिकॉर्ड और चोट का दर्द
इस गोल के साथ मोहम्मद हानी एक ही विश्व कप में दो आत्मघाती गोल करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बन गए हैं। इससे पहले ग्रुप चरण में बेल्जियम के खिलाफ (1-1 ड्रॉ) मैच में भी उनसे आत्मघाती गोल हुआ था। किस्मत ने हानी का साथ यहीं नहीं छोड़ा; गोल होने से 10 मिनट पहले ऑस्ट्रेलियाई मिडफील्डर कोनोर मेटकाफे से टकराने के कारण उनके सिर में गंभीर चोट (कनकशन) आई, जिसके बाद उन्हें स्ट्रेचर पर मैदान से बाहर ले जाना पड़ा।
ऑस्ट्रेलिया का नॉकआउट चोकर्स का तमगा बरकरार
इस हार के साथ ही ऑस्ट्रेलिया का नॉकआउट मुकाबलों में शर्मनाक रिकॉर्ड जारी रहा। टीम अब तक तीन बार नॉकआउट में पहुंची है, लेकिन एक बार भी जीत दर्ज नहीं कर सकी है। दिलचस्प बात यह है कि विश्व कप नॉकआउट इतिहास में ऑस्ट्रेलिया का खाता सिर्फ दो आत्मघाती गोलों के दम पर ही खुला है। इससे पहले वे 2006 में इटली से 1-0 से और 2022 में अर्जेंटीना से 2-1 से हारे थे (जिसमें अर्जेंटीना के खिलाफ हुआ गोल भी आत्मघाती था)।
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