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Mahua Assembly Election: महुआ सीट से तेज प्रताप यादव ने दिलचस्प किया मुकाबला, किसकी होगी जीत

बिहार विधानसभा चुनाव के तारीखों की घोषणा हो चुकी है। चुनाव आयोग के मुताबिक बिहार विधानसभा चुनाव में कुल 2 चरणों में 06 और 11 नवंबर को चुनाव संपन्न होंगे। वहीं चुनाव का परिणाम 14 नवंबर को जारी किया जाएगा। बिहार विधानसभा चुनाव में सबसे ज्यादा चर्चा राज्य की महुआ विधानसभा सीट के बारे में हो रही है। इस सीट पर पहले चरण के तहत 06 नवंबर को चुनाव होना है और इस सीट पर कांटे का मुकाबला माना जा रहा है। ऐसा इसलिए भी क्योंकि लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव महुआ से ताल ठोंक रहे हैं। हाल ही में लालू यादव ने राजद से और परिवार से तेज प्रताप यादव को बाहर निकाल दिया था। जिसके बाद तेज प्रताप यादव ने अपनी नई पार्टी का गठन किया है।

किसके बीच हुआ मुकाबला

बिहार विधानसभा चुनाव में महुआ सीट पर मुख्य रूप से 4 उम्मीदवारों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिल रही है। जनशक्ति जनता दल से तेज प्रताप यादव चुनाव मैदान में हैं। वहीं NDA के घटक दल लोजपा से संजय कुमार सिंह इस सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। महागठबंधन के घटक दल राजद ने मुकेश कुमार रोशन पर भरोसा जताया है। वहीं पहली बार चुनाव में उतरी जनसुराज पार्टी ने इस सीट से इंद्रजीत प्रधान को टिकट दिया गया है।

जनशक्ति जनता दल उम्मीदवार

महुआ विधानसभा सीट पर राजद का लंबे समय से दबदबा रहा है। साल 2010 को छोड़कर 2000 से लेकर अब तक हुए चुनावों में राजद ने इस सीट से जीत हासिल की है। साल 2015 के चुनाव में तेज प्रताप यादव खुद विधायक बने थे। ऐसे में एक बार फिर वह इस सीट से चुनाव मैदान में उतरे हैं। लेकिन इस बार की तस्वीर काफी अलग है। नामांकन के दौरान उनके समर्थन की भीड़ उमड़ी, लेकिन परिवार का कोई सदस्य उनसे साथ नहीं नजर आया। ऐसे में तेज प्रताप यादव अपने पिता की पार्टी के प्रत्याशी के खिलाफ मैदान में हैं।

RJD उम्मीदवार

इस सीट पर आरजेडी उम्मीदवार और मौजूदा विधायक मुकेश रौशन हैं। महुआ में यादव मतदाताओं की संख्या अच्छी खासी है। ऐसे में मुकेश रौशन लगातार वोटरों को यह समझाने की कोशिश कर रहे हैं कि यदि वह तेजस्वी यादव को सीएम बनते देखना चाहते हैं। तो मतदाताओं का वोट उन्हीं के पक्ष में जाना चाहिए।

लोजपा (रामविलास) उम्मीदवार

सत्ताधारी NDA का प्रतिनिधित्व महुआ सीट से लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) कर रही है। चिराग पासवान के संसदीय क्षेत्र का हिस्सा होने के बाद भी लोजपा (रामविलास) के उम्मीदवार सजंय कुमार सिंह ने पिछले चुनाव में अपनी जमानत गंवा दी थी। संजय सिंह राजपूत वर्ग से आते हैं और ऊपरी जातियों के वोट पर उनकी पकड़ अच्छी मानी जाती है। ऐसे में चारकोणीय मुकाबले में संजय सिंह ‘छुपे रुस्तम’ के रूप में उभर सकते हैं।

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